क्या आप भारत में एक साथ कई आईपीओ के लिए आवेदन कर सकते हैं?
Blog by Aliceblue News Desk
27 October 2026
14 minutes
हां, आप भारत में एक ही समय पर कई आईपीओ के लिए आवेदन कर सकते हैं, लेकिन हर आईपीओ अलग कंपनी का होना चाहिए।
अगर आपके पैन, डीमैट अकाउंट, बैंक अकाउंट और यूपीआई की जानकारी सही है, तो आप एक ही हफ्ते में कई आईपीओ के लिए आवेदन कर सकते हैं।
लेकिन एक ही आईपीओ के लिए एक पैन से सिर्फ एक बार आवेदन करना चाहिए। अगर आप उसी आईपीओ के लिए दूसरे ब्रोकर या दूसरे डीमैट अकाउंट से दोबारा आवेदन करते हैं, तो आवेदन रद्द हो सकता है।
विषय सूची
- आईपीओ आवेदन के जरूरी नियम एक नजर में
- एक साथ कई आईपीओ के लिए आवेदन करने का क्या मतलब है?
- एक पैन, एक आईपीओ आवेदन का नियम
- क्या एक ही आईपीओ के लिए दो ब्रोकर ऐप से आवेदन कर सकते हैं?
- क्या एक ही पैन से दो डीमैट अकाउंट इस्तेमाल कर सकते हैं?
- आईपीओ आवेदन रद्द होने के आम कारण
- एक साथ कई आईपीओ के लिए आवेदन कैसे करें?
- यूपीआई और एएसबीए में क्या अंतर है?
- रिटेल लिमिट, यूपीआई लिमिट और एसएमई आईपीओ
- उदाहरण: एक साथ 3 आईपीओ के लिए आवेदन
- क्या परिवार के सदस्य एक ही आईपीओ के लिए आवेदन कर सकते हैं?
- कई आईपीओ के लिए एक ही यूपीआई आईडी इस्तेमाल कर सकते हैं?
- कई आईपीओ के लिए आवेदन करने के फायदे
- कई आईपीओ के लिए आवेदन करने के नुकसान
- कई अलग आईपीओ बनाम एक ही आईपीओ के कई आवेदन
- नए निवेशकों के लिए जरूरी बातें
- किन लोगों को कई आईपीओ के लिए आवेदन करना चाहिए?
- निष्कर्ष
- अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
आईपीओ आवेदन के जरूरी नियम एक नजर में
सवाल | जवाब |
क्या मैं अलग-अलग आईपीओ के लिए एक साथ आवेदन कर सकता हूं? | हां |
क्या एक पैन से एक ही आईपीओ के लिए दो बार आवेदन कर सकता हूं? | नहीं |
क्या एक ही आईपीओ के लिए दो ब्रोकर ऐप इस्तेमाल कर सकता हूं? | एक ही पैन से नहीं |
क्या परिवार के सदस्य अलग-अलग आवेदन कर सकते हैं? | हां, अगर हर व्यक्ति अपनी जानकारी इस्तेमाल करे |
क्या आईपीओ का पैसा तुरंत कट जाता है? | नहीं, पहले ब्लॉक होता है |
अगर शेयर नहीं मिले तो क्या होता है? | ब्लॉक किया हुआ पैसा वापस इस्तेमाल के लिए खुल जाता है |
एक साथ कई आईपीओ के लिए आवेदन करने का क्या मतलब है?
एक साथ कई आईपीओ के लिए आवेदन करने का मतलब है कि एक ही समय में दो या उससे ज्यादा अलग-अलग कंपनियों के आईपीओ के लिए आवेदन करना।
मान लीजिए इस हफ्ते तीन कंपनियों के आईपीओ खुले हैं। आप तीनों के लिए आवेदन कर सकते हैं, अगर आपके पास ये चीजें हैं:
- डीमैट अकाउंट
- पैन
- बैंक अकाउंट
- यूपीआई आईडी
- सभी आवेदनों के लिए पर्याप्त पैसा
आईपीओ यानी इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग तब होता है जब कोई कंपनी पहली बार आम लोगों को अपने शेयर खरीदने का मौका देती है।
आईपीओ बंद होने के बाद कुछ निवेशकों को शेयर आवंटित किए जाते हैं।
अगर आपको शेयर मिल जाते हैं, तो वे आपके डीमैट अकाउंट में आ जाते हैं। अगर शेयर नहीं मिलते, तो ब्लॉक किया हुआ पैसा वापस खुल जाता है।
एक पैन, एक आईपीओ आवेदन का नियम
एक आईपीओ के लिए एक पैन का इस्तेमाल सिर्फ एक बार होना चाहिए।
इसका मतलब:
- आईपीओ A के लिए अपने पैन से एक बार आवेदन कर सकते हैं
- आईपीओ B के लिए उसी पैन से एक बार आवेदन कर सकते हैं
- आईपीओ C के लिए भी उसी पैन से एक बार आवेदन कर सकते हैं
- लेकिन आईपीओ A के लिए उसी पैन से दोबारा आवेदन नहीं करना चाहिए
आपका पैन निवेशक की पहचान बताता है।
सिर्फ ब्रोकर ऐप, बैंक अकाउंट या डीमैट अकाउंट बदलने से आवेदन नया नहीं माना जाता, अगर पैन वही है।
अगर आपने एक ही आईपीओ के लिए एलिस ब्लू से आवेदन किया और फिर उसी पैन से दूसरे ब्रोकर के जरिए दोबारा आवेदन किया, तो इसे डुप्लिकेट आवेदन माना जा सकता है।
इससे अलॉटमेंट मिलने की संभावना नहीं बढ़ती।
क्या एक ही आईपीओ के लिए दो ब्रोकर ऐप से आवेदन कर सकते हैं?
नहीं, एक ही पैन का इस्तेमाल करके एक ही आईपीओ के लिए दो अलग ब्रोकर ऐप से आवेदन नहीं करना चाहिए।
मान लीजिए आपने आईपीओ A के लिए एक ब्रोकर से आवेदन किया और फिर उसी आईपीओ के लिए दूसरे ब्रोकर से दोबारा आवेदन कर दिया।
दोनों आवेदनों में पैन एक ही होगा, इसलिए आवेदन रद्द हो सकता है।
आईपीओ अलॉटमेंट इस बात पर निर्भर नहीं करता कि आपने कितने ऐप इस्तेमाल किए हैं।
इसलिए एक आईपीओ के लिए एक ही ब्रोकर या एक ही आवेदन का तरीका इस्तेमाल करना बेहतर है।
क्या एक ही पैन से दो डीमैट अकाउंट इस्तेमाल कर सकते हैं?
आप एक से ज्यादा डीमैट अकाउंट रख सकते हैं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि एक ही पैन से एक ही आईपीओ के लिए कई आवेदन कर सकते हैं।
अगर एक ही पैन से जुड़े दो डीमैट अकाउंट से एक ही आईपीओ के लिए आवेदन किया जाता है, तो उन्हें डुप्लिकेट माना जा सकता है।
इसलिए एक आईपीओ के लिए एक पैन से केवल एक आवेदन करें।
आईपीओ आवेदन रद्द होने के आम कारण
आपका आईपीओ आवेदन इन वजहों से रद्द हो सकता है:
- एक ही पैन से एक ही आईपीओ के लिए एक से ज्यादा आवेदन करना
- गलत यूपीआई आईडी डालना
- यूपीआई मैंडेट को मंजूरी न देना
- बैंक अकाउंट में कम पैसा होना
- पैन, बैंक और डीमैट की जानकारी में अंतर होना
- किसी दूसरे व्यक्ति की यूपीआई आईडी या बैंक अकाउंट इस्तेमाल करना
- आखिरी समय के बाद मैंडेट को मंजूरी देना
सेबी के अनुसार, किसी दूसरे व्यक्ति की यूपीआई आईडी या बैंक अकाउंट से किए गए आवेदन को अलॉटमेंट के लिए नहीं माना जाएगा।
सेबी की जानकारी के अनुसार, रिटेल निवेशकों के लिए आईपीओ आवेदन में यूपीआई की सीमा ₹5 लाख प्रति ट्रांजैक्शन है।
एक साथ कई आईपीओ के लिए आवेदन कैसे करें?
अगर एक ही समय पर कई आईपीओ खुले हैं, तो इस तरीके से आवेदन कर सकते हैं।
स्टेप 1: खुले हुए आईपीओ चेक करें
सबसे पहले देखें कि कौन-कौन से आईपीओ खुले हैं।
इन बातों पर ध्यान दें:
- कंपनी का नाम
- आईपीओ खुलने और बंद होने की तारीख
- प्राइस बैंड
- लॉट साइज
- इश्यू साइज
- लिस्टिंग डेट
- निवेशक की कैटेगरी
- कंपनी की आर्थिक स्थिति
- नुकसान के खतरे
सिर्फ इसलिए आवेदन न करें क्योंकि कोई आईपीओ बहुत लोकप्रिय है या उसका जीएमपी अच्छा दिख रहा है।
पहले कंपनी के बारे में जानकारी जरूर पढ़ें।
स्टेप 2: अपने डीमैट और बैंक की जानकारी चेक करें
आईपीओ शेयर पाने के लिए डीमैट अकाउंट जरूरी है।
आवेदन से पहले इन चीजों को चेक करें:
- पैन
- नाम
- बैंक अकाउंट
- मोबाइल नंबर
- डीमैट अकाउंट
- यूपीआई आईडी
छोटी सी गलती भी आवेदन या अलॉटमेंट में परेशानी कर सकती है।
स्टेप 3: आईपीओ चुनें और बिड की जानकारी भरें
जिस आईपीओ के लिए आवेदन करना चाहते हैं, उसे चुनें।
इसके बाद लॉट की संख्या और बिड प्राइस भरें।
कई मेनबोर्ड आईपीओ में रिटेल निवेशक कट-ऑफ प्राइस चुनते हैं।
इसका मतलब है कि आप बिडिंग के बाद तय होने वाले फाइनल इश्यू प्राइस पर शेयर खरीदने के लिए तैयार हैं।
उदाहरण के लिए, अगर प्राइस बैंड ₹95 से ₹100 है और आप कट-ऑफ चुनते हैं, तो आपका आवेदन फाइनल इश्यू प्राइस पर माना जाएगा।
स्टेप 4: अपनी यूपीआई आईडी डालें
वही यूपीआई आईडी इस्तेमाल करें जो आपके अपने बैंक अकाउंट से जुड़ी हो।
अपने पति या पत्नी, माता-पिता, भाई-बहन या दोस्त की यूपीआई आईडी इस्तेमाल न करें।
आपका पैन, डीमैट अकाउंट, बैंक अकाउंट और यूपीआई आईडी एक ही व्यक्ति के नाम पर होना चाहिए।
स्टेप 5: यूपीआई मैंडेट को मंजूरी दें
आईपीओ आवेदन जमा करने के बाद आपके यूपीआई ऐप में मैंडेट का अनुरोध आएगा।
ऐप खोलें और यूपीआई पिन डालकर इसे मंजूरी दें।
अगर यह स्टेप छूट जाता है, तो आवेदन रद्द हो सकता है।
स्टेप 6: बाकी आईपीओ के लिए भी यही प्रक्रिया दोहराएं
अब दूसरे आईपीओ के लिए भी इसी तरह आवेदन करें।
हर आईपीओ का अपना अलग:
- बिड
- यूपीआई मैंडेट
- ब्लॉक किया हुआ पैसा
- अलॉटमेंट रिजल्ट
होगा।
अगर आपने तीन आईपीओ के लिए आवेदन किया है, तो आपको तीन अलग यूपीआई मैंडेट मंजूर करने पड़ सकते हैं।
स्टेप 7: अलॉटमेंट और लिस्टिंग पर नज़र रखें
आईपीओ बंद होने के बाद अलॉटमेंट की प्रक्रिया शुरू होती है।
अगर शेयर मिलते हैं, तो पैसा आपके बैंक अकाउंट से कट जाता है।
अगर शेयर नहीं मिलते, तो ब्लॉक किया हुआ पैसा वापस खुल जाता है।
सेबी ने पब्लिक इश्यू की लिस्टिंग का समय टी+6 दिन से घटाकर टी+3 दिन कर दिया है, इसलिए अब अलॉटमेंट, पैसा वापस खुलना और लिस्टिंग पहले से जल्दी होती है।
स्मार्ट आईपीओ से आवेदन आसान बनाएं
अगर आप अक्सर आईपीओ के लिए आवेदन करते हैं, तो कई आईपीओ एक साथ खुले होने पर सब्सक्रिप्शन लेवल और आवेदन की आखिरी तारीख पर नजर रखना मुश्किल हो सकता है।
एलिस ब्लू का स्मार्ट आईपीओ आपकी तय शर्तों के हिसाब से आवेदन की प्रक्रिया को आसान बना सकता है।
आप अपनी सब्सक्रिप्शन की शर्त चुन सकते हैं। वह शर्त पूरी होने पर आवेदन अपने आप लगाया जाता है और आपको सिर्फ यूपीआई मैंडेट को मंजूरी देनी होती है।
इससे योग्य आईपीओ का आवेदन छूटने की संभावना कम हो सकती है, जबकि आखिरी पेमेंट की मंजूरी आपके हाथ में रहती है।
यूपीआई और एएसबीए में क्या अंतर है?
बात | यूपीआई | एएसबीए |
मतलब | आईपीओ पेमेंट की मंजूरी देने के लिए यूपीआई इस्तेमाल होता है | एएसबीए आपके बैंक अकाउंट में आईपीओ की रकम ब्लॉक करता है |
आईपीओ में काम | आवेदन के समय यूपीआई आईडी डालते हैं | मैंडेट मंजूर होने के बाद रकम ब्लॉक होती है |
क्या करना होता है | यूपीआई ऐप में मैंडेट मंजूर करना होता है | मैंडेट मंजूर होने के बाद अलग से कुछ नहीं करना होता |
पैसे का क्या होता है | यूपीआई पेमेंट की मंजूरी देता है | शेयर मिलने पर ही पैसा कटता है |
शेयर न मिलने पर | मैंडेट खत्म हो जाता है | ब्लॉक किया हुआ पैसा वापस इस्तेमाल के लिए खुल जाता है |
रिटेल लिमिट, यूपीआई लिमिट और एसएमई आईपीओ
नए निवेशक कई बार रिटेल कैटेगरी की सीमा और यूपीआई ट्रांजैक्शन लिमिट में फर्क समझने में गलती करते हैं।
कई मेनबोर्ड आईपीओ में रिटेल निवेशक की कैटेगरी आमतौर पर ₹2 लाख तक होती है।
सेबी की निवेशक वेबसाइट पर रिटेल निवेशकों के लिए आईपीओ आवेदन में यूपीआई की सीमा ₹5 लाख प्रति ट्रांजैक्शन बताई गई है।
₹2 लाख से ज्यादा का आवेदन करने से पहले आईपीओ की कैटेगरी, ब्रोकर प्लेटफॉर्म, बैंक और यूपीआई ऐप की सुविधा जरूर चेक करें।
एसएमई आईपीओ में लॉट साइज बड़ा होने की वजह से कम से कम आवेदन की रकम ज्यादा हो सकती है।
इनमें निवेशक कैटेगरी और यूपीआई मैंडेट का समय भी अलग हो सकता है।
एसएमई आईपीओ में आवेदन करने से पहले ये बातें चेक करें:
- कम से कम लॉट साइज
- आवेदन की रकम
- निवेशक की कैटेगरी
- मैंडेट मंजूर करने की आखिरी तारीख
उदाहरण: एक साथ 3 आईपीओ के लिए आवेदन
मान लेते हैं कि एक ही हफ्ते में तीन आईपीओ खुले हैं।
आईपीओ | प्रति शेयर कीमत | लॉट साइज | आवेदन की रकम |
आईपीओ A | ₹480 | 30 शेयर | ₹14,400 |
आईपीओ B | ₹390 | 38 शेयर | ₹14,820 |
आईपीओ C | ₹250 | 54 शेयर | ₹13,500 |
कुल ब्लॉक की जाने वाली रकम:
₹14,400 + ₹14,820 + ₹13,500 = ₹42,720
अगर आपके बैंक अकाउंट में ₹50,000 हैं, तो आप तीनों आईपीओ के लिए आवेदन कर सकते हैं क्योंकि कुल जरूरत ₹42,720 की है।
अब मान लेते हैं कि अलॉटमेंट का नतीजा ऐसा है:
आईपीओ | अलॉटमेंट | कटी हुई रकम | वापस खुली रकम |
आईपीओ A | शेयर मिले | ₹14,400 | ₹0 |
आईपीओ B | शेयर नहीं मिले | ₹0 | ₹14,820 |
आईपीओ C | शेयर नहीं मिले | ₹0 | ₹13,500 |
सिर्फ ₹14,400 कटे क्योंकि आपको आईपीओ A में शेयर मिले।
बाकी ₹28,320 वापस इस्तेमाल के लिए खुल गए।
ध्यान रखें, आवेदन के दौरान ₹42,720 ब्लॉक थे। अलॉटमेंट पूरा होने तक आप यह पैसा दूसरे खर्चों के लिए इस्तेमाल नहीं कर सकते थे।
क्या परिवार के सदस्य एक ही आईपीओ के लिए आवेदन कर सकते हैं?
हां, परिवार के सदस्य एक ही आईपीओ के लिए अलग-अलग आवेदन कर सकते हैं।
लेकिन हर व्यक्ति को अपनी जानकारी इस्तेमाल करनी चाहिए।
अगर आप, आपके पति या पत्नी और आपके पिता एक ही आईपीओ के लिए आवेदन करना चाहते हैं, तो हर व्यक्ति के पास अपना:
- पैन
- डीमैट अकाउंट
- बैंक अकाउंट
- यूपीआई आईडी
होना चाहिए।
परिवार का सदस्य | पैन | डीमैट अकाउंट | बैंक अकाउंट | यूपीआई आईडी |
आप | आपका पैन | आपका डीमैट | आपका बैंक | आपकी यूपीआई |
पति/पत्नी | उनका पैन | उनका डीमैट | उनका बैंक | उनकी यूपीआई |
पिता | उनका पैन | उनका डीमैट | उनका बैंक | उनकी यूपीआई |
एक ही यूपीआई आईडी या बैंक अकाउंट सभी लोगों के आवेदन के लिए इस्तेमाल न करें।
परिवार के अलग-अलग आवेदन तभी सही माने जाते हैं जब हर निवेशक अपनी जानकारी से आवेदन करे।
कई आईपीओ के लिए एक ही यूपीआई आईडी इस्तेमाल कर सकते हैं?
हां, आप अपनी यूपीआई आईडी का इस्तेमाल अपने ही पैन से अलग-अलग आईपीओ के लिए कर सकते हैं।
उदाहरण:
- आपका पैन + आपकी यूपीआई आईडी + आईपीओ A: सही
- आपका पैन + आपकी यूपीआई आईडी + आईपीओ B: सही
- आपका पैन + आपकी यूपीआई आईडी + आईपीओ C: सही
लेकिन अपनी यूपीआई आईडी किसी दूसरे व्यक्ति के आईपीओ आवेदन के लिए इस्तेमाल नहीं करनी चाहिए।
उदाहरण:
- पिता का पैन + आपकी यूपीआई आईडी: न करें
- पति/पत्नी का पैन + आपकी यूपीआई आईडी: न करें
- दोस्त का पैन + आपकी यूपीआई आईडी: न करें
आईपीओ आवेदन में पैन, डीमैट अकाउंट, बैंक अकाउंट और यूपीआई आईडी एक ही व्यक्ति के होने चाहिए।
कई आईपीओ के लिए आवेदन करने के फायदे
- एक से ज्यादा आईपीओ में आवेदन कर सकते हैं: अगर दो या तीन आईपीओ आपको ठीक लगते हैं, तो सिर्फ एक चुनना जरूरी नहीं है।
- हर आईपीओ का अलग अलॉटमेंट रिजल्ट होता है: अलग-अलग आईपीओ में आवेदन करने से हर कंपनी का अलग नतीजा मिलेगा।
- एक में शेयर न मिलें तो दूसरे में मिल सकते हैं: हो सकता है आईपीओ A में शेयर न मिलें, लेकिन आईपीओ B में मिल जाएं।
- अलग-अलग आईपीओ की तुलना करना सीखते हैं: आप कंपनी का कारोबार, कमाई, मुनाफा, कर्ज, कीमत, सब्सक्रिप्शन और खतरे देखना सीखते हैं।
- सिर्फ बाजार की चर्चा पर निर्भर नहीं रहते: जानकारी देखकर आवेदन करने की आदत बनती है।
- पैसा पहले ब्लॉक होता है: एएसबीए में पैसा बैंक अकाउंट में रहता है, लेकिन इस्तेमाल नहीं किया जा सकता। शेयर मिलने पर ही पैसा कटता है।
कई आईपीओ के लिए आवेदन करने के नुकसान
- पैसा कुछ दिनों के लिए ब्लॉक हो सकता है: कई आईपीओ के लिए एक साथ आवेदन करने पर बड़ी रकम ब्लॉक हो सकती है। किराया, ईएमआई, बिल, स्कूल फीस, इलाज या इमरजेंसी के पैसे का इस्तेमाल आईपीओ के लिए न करें।
- बिना जानकारी पढ़े आवेदन कर सकते हैं: कई आईपीओ एक साथ खुले हों तो जल्दी-जल्दी आवेदन करने की गलती हो सकती है।
- लिस्टिंग में नुकसान हो सकता है: हर आईपीओ इश्यू प्राइस से ऊपर लिस्ट नहीं होता।
- डुप्लिकेट आवेदन रद्द हो सकता है: एक पैन से एक ही आईपीओ के लिए दो बार आवेदन करने पर आवेदन रद्द हो सकता है।
- यूपीआई मैंडेट फेल हो सकता है: गलत यूपीआई आईडी, कम बैंक बैलेंस, मैंडेट मंजूर न करना या आखिरी समय निकल जाना आवेदन रद्द कर सकता है।
आवेदन से पहले कंपनी का कारोबार, आर्थिक स्थिति, कर्ज, प्रमोटर का रिकॉर्ड
कई अलग आईपीओ बनाम एक ही आईपीओ के कई आवेदन
बात | कई अलग आईपीओ | एक ही आईपीओ के कई आवेदन |
मतलब | अलग-अलग आईपीओ के लिए आवेदन | एक आईपीओ के लिए एक से ज्यादा आवेदन |
उदाहरण | आईपीओ A, B और C के लिए आवेदन | आईपीओ A के लिए दो बार आवेदन |
एक ही पैन चलेगा? | हां, हर अलग आईपीओ में एक बार | नहीं |
आवेदन रद्द होने का खतरा | जानकारी सही हो तो कम | ज्यादा |
पैसा ब्लॉक | हर आईपीओ की अलग रकम | डुप्लिकेट बिड रद्द हो सकती है |
नए निवेशकों के लिए | सावधानी के साथ ठीक | नहीं |
अलग-अलग आईपीओ के लिए आवेदन करना सही है।
समस्या तब होती है जब एक ही पैन से एक ही आईपीओ के लिए बार-बार आवेदन किया जाता है।
नए निवेशकों के लिए जरूरी बातें
- कंपनी के बारे में पढ़ने के बाद ही आवेदन करें
- सिर्फ जीएमपी ज्यादा होने की वजह से आवेदन न करें
- बैंक अकाउंट में पर्याप्त पैसा रखें
- एक आईपीओ के लिए एक पैन का इस्तेमाल सिर्फ एक बार करें
- अपनी ही यूपीआई आईडी और बैंक अकाउंट इस्तेमाल करें
- हर यूपीआई मैंडेट को समय पर मंजूर करें
- सिर्फ इसलिए हर आईपीओ में आवेदन न करें क्योंकि वह खुला है
- इमरजेंसी के पैसे अलग रखें
- अलॉटमेंट और लिस्टिंग की तारीख पर नजर रखें
- नए हैं तो एक या दो आईपीओ से शुरुआत करें
आईपीओ अलॉटमेंट कभी भी पक्का नहीं होता।
अगर आईपीओ में बहुत ज्यादा आवेदन आते हैं, तो अलॉटमेंट लॉटरी के जरिए भी हो सकता है।
किन लोगों को कई आईपीओ के लिए आवेदन करना चाहिए?
कई आईपीओ के लिए आवेदन उन निवेशकों के लिए सही हो सकता है जिनके पास अतिरिक्त पैसा है, जो आईपीओ से जुड़े खतरे समझते हैं और आवेदन से पहले कंपनियों की तुलना कर सकते हैं।
नए निवेशक हर खुले आईपीओ के लिए आवेदन करने के बजाय एक या दो से शुरुआत कर सकते हैं।
इससे वे कम पैसा ब्लॉक करके धीरे-धीरे सीख सकते हैं।
यह उन लोगों के लिए सही नहीं हो सकता जिन्हें जल्द पैसे की जरूरत है, जिनकी बचत कम है या जो सिर्फ लिस्टिंग गेन के लिए हर आईपीओ में आवेदन कर रहे हैं।
लंबे समय के निवेशकों को कंपनी की क्वालिटी, कीमत, कमाई में बढ़त, कर्ज और मैनेजमेंट पर ध्यान देना चाहिए।
कम समय के निवेशकों को बाजार का माहौल, सब्सक्रिप्शन लेवल और लिस्टिंग में नुकसान की संभावना भी देखनी चाहिए।
निष्कर्ष
भारत में आप एक ही समय पर कई आईपीओ के लिए आवेदन कर सकते हैं, लेकिन हर आवेदन अलग आईपीओ का होना चाहिए।
याद रखने वाला सबसे जरूरी नियम है:
एक पैन, एक आईपीओ के लिए एक आवेदन।
अपना ही डीमैट अकाउंट, बैंक अकाउंट और यूपीआई आईडी इस्तेमाल करें।
सभी यूपीआई मैंडेट के लिए पर्याप्त पैसा रखें और उन्हें समय पर मंजूर करें।
हर खुले आईपीओ में पैसा ब्लॉक करने के बजाय सोच-समझकर आवेदन करना बेहतर है।
कंपनी के बारे में पढ़ें, नुकसान की संभावना समझें और तभी आवेदन करें जब आईपीओ आपकी निवेश योजना के हिसाब से सही हो।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
हां, अगर हर आईपीओ अलग कंपनी का है तो आप एक ही समय पर कई आईपीओ के लिए आवेदन कर सकते हैं।
हर आईपीओ का अलग आवेदन, यूपीआई मैंडेट, ब्लॉक रकम और अलॉटमेंट रिजल्ट होगा।
नहीं।
एक पैन से एक ही आईपीओ के लिए सिर्फ एक बार आवेदन करना चाहिए।
एक ही पैन से नहीं।
ऐप अलग होने के बावजूद पैन वही रहता है, इसलिए आवेदन डुप्लिकेट माना जा सकता है।
हां।
अगर हर व्यक्ति अपना पैन, डीमैट अकाउंट, बैंक अकाउंट और यूपीआई आईडी इस्तेमाल करता है, तो परिवार के सदस्य अलग-अलग आवेदन कर सकते हैं।
अगर आपको शेयर नहीं मिलते, तो ब्लॉक किया हुआ पैसा आपके बैंक अकाउंट में वापस इस्तेमाल के लिए खुल जाता है।
शेयर न मिलने पर वह रकम आपके अकाउंट से नहीं काटी जाती।

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